पंजाबराज्य

पंजाब की खेती से संबंधित किसी भी फसल या फसलों से बने सामान पर भारत सरकार की ओर से कोई छूट नहीं दी गई: चरणजीत सिंह बराड़

चंडीगढ़: भारतीय जनता पार्टी के मुख्य कार्यालय से पार्टी के वरिष्ठ नेता चरणजीत सिंह बराड़ ने प्रेस वार्ता के दौरान अपने बयान में जोर देकर कहा कि हमेशा वही देश तरक्की करते हैं जिनका कच्चा माल या उस देश से संबंधित कच्चे माल से बना तैयार माल दूसरे देशों में बिकता है। विदेशों में सामान बेचने के कारण फैक्ट्रियां लगती हैं और उन फैक्ट्रियों के कारण उस राज्य या देश के युवाओं को रोजगार मिलता है।

विपक्षी पार्टियों द्वारा एक झूठ फैलाया जा रहा है, जिसे स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि पंजाब की जितनी भी फसलें हैं, जिनमें गेहूं, चावल, जौ, मक्का, सोयाबीन, बाजरा, ओट्स, मैदा और आटा, हर तरह का एथेनॉल, सरसों, कपास, काबुली चना, मूंग आदि सभी फसलों पर भारत द्वारा अमेरिका को कोई छूट नहीं दी गई है।

सब्जियों में प्याज, आलू, मटर, बीन्स, मशरूम, तोरी, कद्दू, खीरा, शिमला मिर्च, भिंडी आदि किसी भी सब्जी को भारत भेजने की अनुमति नहीं दी गई है। इसके उलट ये सभी सब्जियां और प्रोसेस्ड सब्जियां 0% टैरिफ पर अमेरिका भेजी जा सकेंगी।

इसी तरह डेयरी उत्पादों में दूध या दूध से बने पनीर, क्रीम, मक्खन, सूखा दूध, घी आदि को भारत आने के लिए कोई छूट नहीं दी गई है। इसके उलट दूध या दूध से बने उत्पाद 0% टैरिफ पर अमेरिका भेजे जा सकेंगे।

इसी तरह मसालों में काली मिर्च, लौंग, इलायची, सूखी/हरी मिर्च, धनिया, जीरा, हींग, अदरक, हल्दी, अजवाइन, सौंफ, मेथी, सरसों, राई, चाय, कॉफी और इनसे बने सभी प्रोसेस्ड पाउडर पर भारत द्वारा कोई छूट नहीं दी गई है। इसके उलट यह सारा कच्चा माल या मसाले बनाकर 0% टैरिफ पर अमेरिका भेजे जा सकेंगे।

इसी तरह फलों में आम, केला, अमरूद, अनानास, नारियल, काजू, संतरा, चकोतरा, किन्नू, नींबू, अंगूर, चेरी, सूखा आलूबुखारा, इमली, सूखा सेब, सिंघाड़ा गिरी, खजूर आदि को भारत आने के लिए कोई छूट नहीं दी गई है। इसके उलट ये सभी ऐसे ही या प्रोसेस करके 0% टैरिफ पर अमेरिका भेजे जा सकेंगे।

कुछ वस्तुओं में न्यूनतम खरीद का कोटा तय किया गया है, जैसे पशु/मुर्गियों के चारे के लिए जरूरी सामान 5 करोड़ टन विदेशों से मंगवाया जाता है, जिसमें से केवल 1% यानी 5 लाख टन अमेरिका से लेने का कोटा तय किया गया है। इसी तरह सेब 5.50 लाख टन विदेशों से भारत आता है, जिसमें से 1 लाख टन अमेरिका से लेने का कोटा तय किया गया है। पहले यह भारत में 75 रुपये प्रति किलो पहुंचता था, अब 100 रुपये प्रति किलो पहुंचेगा। इसी तरह 2.77 लाख टन बादाम विदेशों से आते हैं। पिछले साल 2.50 लाख टन अमेरिका से आए थे, अब 1 लाख टन लेने का कोटा तय किया गया है। इसी तरह 5.50 लाख टन सोयाबीन तेल विदेशों से भारत आता है। 2024-25 में लगभग 2 लाख टन अमेरिका से आया है, फिर भी केवल 1 लाख टन का कोटा तय किया गया है।

उपरोक्त सभी वस्तुएं पहले से ही बड़ी मात्रा में भारत आती हैं। इनमें से कुछ वस्तुओं का कोटा तय करके और किसानों की फसलें या फसलों से बने सामान 0% टैरिफ पर अमेरिका भेजे जाने से पंजाब और देश के किसानों को बहुत बड़ा फायदा होगा।

खेती से संबंधित फसलों के साथ-साथ कपास और कपड़ा उद्योग, लेदर का कारोबार, खिलौना उद्योग, पंजाब के सभी उद्योगों में पुर्जों का कारोबार, घरेलू उपयोग की चीजों के कारोबार में भी बहुत बड़ा बढ़ावा मिलेगा, क्योंकि हमारे मुकाबले वाले देशों जैसे चीन पर 35%, वियतनाम 20%, बांग्लादेश 20%, इंडोनेशिया 19% टैरिफ है, जबकि भारत पर इन देशों के मुकाबले 18% टैरिफ है।

Khwaza Express

Khwaza Express Media Group has been known for its unbiased, fearless and responsible Hindi journalism since 2008. The proud journey since 16 years has been full of challenges, success, milestones, and love of readers. Above all, we are honored to be the voice of society from several years. Because of our firm belief in integrity and honesty, along with people oriented journalism, it has been possible to serve news & views almost every day since 2008.

संबंधित समाचार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button