देश

मंकी पॉक्स ने 17 देशों में दी दस्तक, केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने राज्यों को किया सतर्क

नई दिल्ली। कोरोना महामारी के बीच अब मंकी पॉक्स नाम के वायरस ने चिताएं बढ़ा दी हैं। मंकी पॉक्स अब तक विश्व के 17 देशों में पहुंच चुका है और यह अब तेजी से फैल रहा है। इसके खतरे को देखते हुए केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने राज्यों को सतर्कता बढ़ाने के निर्देश जारी किए हैं। इसके साथ ही एयरपोर्ट पर निगरानी बढ़ाने को कहा गया है। खासकर प्रभावित देशों से आने वाले यात्रियों की जांच करने को कहा गया है।

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी (एनआईवी) की वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रज्ञा यादव ने बताया कि मंकी पॉक्स का कोई भी मामला देश में नहीं आया है। राज्यों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं खासकर एयरपोर्ट पर आने वाले यात्रियों की स्क्रीनिंग करने को कहा गया है। संदिग्ध मरीजों के सैंपल एनवाईवी भेजने को कहा गया है । उन्होंने बताया कि अभी तक कोई सैंपल भी नहीं पहुंचा है। इस संक्रामक बीमारी को फैलने से रोकने के लिए लोगों को भी सतर्कता बरतनी चाहिए।

इन देशों में मिल चुके हैं मामले

मंकी पॉक्स के मामले अबतक 17 देशों में मिल चुके हैं। इनमें यूरोप के इटली, स्वीडन, फ्रांस, जर्मनी, पुर्तगाल, स्पेन और बेल्जियम शामिल हैं। इसके अलावा यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन), अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और कनाडा में भी इससे संक्रमित केस आ चुके हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक इस संक्रमण के मामले अमूमन मध्य और पश्चिमी अफ्रीकी देशों में मिलते हैं, जहां ज्यादा बरसात होती है।

क्या है मंकी पॉक्स

मंकी पॉक्स एक जानवरों से मनुष्यों में फैलने वाला वायरस है, जिसमें स्मॉल पॉक्स जैसे लक्षण होते हैं। हालांकि यह इलाज की दृष्टि से कम गंभीर है। मंकी पॉक्स वायरस एक डबल-स्ट्रैंडेड डीएनए वायरस है जो पॉक्स विरिडे परिवार के ऑर्थो पॉक्स वायरस जीन्स से संबंधित है। इस बीमारी से दुनिया भर में मृत्यु दर 2-5 प्रतिशत है।

क्या है इसके लक्षण

मंकी पॉक्स से ग्रसित मरीजों में शुरुआती लक्षण फ्लू जैसे होते हैं। इनमें बुखार, सिर दर्द, मांसपेशियों में दर्द, कमर दर्द, थकान और सूजी हुई लिम्फ नोड्स शामिल हैं। संक्रमण के बाद चेहरे पर दाने उभरने लगते हैं, जो शरीर के दूसरे हिस्सों में भी फैल जाते हैं। ये लक्षण संक्रमण के 5वें दिन से 21वें दिन तक आ सकते हैं।

डरें नहीं, लेकिन रहें जागरुक

संक्रामक रोग विशेषज्ञ डॉ. नरेन्द्र सैनी बताते हैं कि कोरोना की तरह मंकी पॉक्स भी संक्रामक बीमारी है। यह तेजी से फैलती है। इसलिए विदेश जाने और आने वाले लोगों को इस बीमारी के लक्षणों की जानकारी होनी चाहिए। अगर कोई भी लक्षण किसी को भी है तो वह तुरंत अपने आप को क्वारंटीन कर लें और उपचार करवाएं। डॉ. सैनी ने बताया कि कोरोना संक्रमण की तरह ही इसमें भी हैंड हाइजीन का खास ख्याल रखना चाहिए। लोगों को अपने हाथ साफ करते रहने चाहिए। साफ-सफाई का ख्याल रखा जाना चाहिए।

Khwaza Express

Khwaza Express Media Group has been known for its unbiased, fearless and responsible Hindi journalism since 2008. The proud journey since 16 years has been full of challenges, success, milestones, and love of readers. Above all, we are honored to be the voice of society from several years. Because of our firm belief in integrity and honesty, along with people oriented journalism, it has been possible to serve news & views almost every day since 2008.

संबंधित समाचार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button