पंजाब

पंजाब में 60 करोड़ रुपये की लागत वाली नाबार्ड-28 परियोजना को दी गई मंजूरी

पंजाब के लोक निर्माण और बिजली मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने कहा है कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की परिकल्पना के अनुसार ‘रंगला पंजाब’ मिशन को साकार करने के लिए राज्य में सड़क बुनियादी ढांचे को और मजबूत करने और कनेक्टिविटी में सुधार करने के लिए 24 पुलों के कार्यों वाली 60 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाली नाबार्ड-28 परियोजना को मंजूरी दी गई है।

लोक निर्माण मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने आज यहां यह खुलासा करते हुए बताया कि इस परियोजना के तहत राज्य के ग्रामीण क्षेत्रों में नए पुलों का निर्माण किया जाएगा और आवश्यकतानुसार पुराने पुलों के स्थान पर नए पुल बनाए जाएंगे।

इससे यात्रा की दूरियां कम होंगी और जनता को बेहतर यात्रा सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि ग्रामीण सड़कों के उन्नयन का यह कार्य लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा नाबार्ड की वित्तीय सहायता से किया जा रहा है।

परियोजना के बारे में अधिक जानकारी देते हुए लोक निर्माण मंत्री ने कहा कि 16 कार्यों को पारदर्शी तरीके से ई-टेंडर के माध्यम से आवंटित किया गया है।

उन्होंने कहा कि इन 16 आवंटित कार्यों की अनुमानित लागत 35.42 करोड़ रुपये थी और ठेकेदारों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धी बोली के कारण ये कार्य 29.95 करोड़ रुपये में आवंटित किए गए।

उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा अपनाई गई प्रणालियों में पारदर्शिता और दक्षता में बोलीदाताओं के विश्वास के कारण 5.47 करोड़ रुपये (लगभग 15%) की बचत हुई है। उन्होंने कहा कि शेष कार्यों के आवंटन की प्रक्रिया भी पाइपलाइन में है।

निर्माण कार्यों में किसी भी तरह की ढिलाई या भ्रष्टाचार के प्रति मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की जीरो टॉलरेंस का जिक्र करते हुए लोक निर्माण मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने कहा कि इससे न केवल ठेकेदारों में विश्वास जगा है,

बल्कि ईमानदार अधिकारियों और कर्मचारियों का मनोबल भी बढ़ा है। उन्होंने कहा कि विभाग ग्रामीण बुनियादी ढांचे का नियमित उन्नयन सुनिश्चित करके राज्य की प्रगति में योगदान दे रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button