
पीलीभीत। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा कि ‘आस्था’ भारत को एक सूत्र में पिरोती है और देश की सबसे बड़ी ताकत है। पीलीभीत में ब्रह्मलीन महंत योगी शांतिनाथ की पुण्य स्मृति में आयोजित श्रीराम कथा महोत्सव को संबोधित करते हुए आदित्यनाथ ने कहा, ”दुनिया में करीब 200 देश हैं। प्रत्येक देश की अपनी पहचान, चुनौतियां, समस्याएं और उपलब्धियां हैं। कुछ देशों की आबादी लाखों में है, तो कुछ की करोड़ों में। केवल भारत और चीन की आबादी 50 करोड़ से अधिक है। यूरोप भले ही एक इकाई दिखाई देता हो, लेकिन वास्तव में ऐसा नहीं है। यह अलग-अलग देशों का समूह है। ये देश आपस में जुड़े होने के बावजूद अलग-अलग राजनीतिक इकाइयां हैं।”
आस्था ही भारत की एकता का आधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर से दक्षिण और पूर्व से पश्चिम तक वेशभूषा, रंग-रूप, बोलियों और भाषाओं में विविधता होने के बावजूद भारत एक सूत्र में बंधा हुआ दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि इस एकता का आधार हमारी ‘आस्था’ है। उन्होंने कहा, ”इसी आस्था के कारण हम यहां एकत्र हुए हैं। यही भारत की सबसे बड़ी ताकत है।” आदित्यनाथ ने कहा कि जब भी कोई शुभ अवसर आता है या किसी शुभ कार्य की शुरुआत होती है, तो सनातन धर्म के अनुयायी अपने घरों में अखंड रामायण का पाठ आयोजित करते हैं। उन्होंने कहा, ”यह हमारी परंपरा है। इससे जुड़कर हम इसे आगे बढ़ाते हैं और यह हमारे जीवन का अभिन्न हिस्सा बन गई है।” मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या में प्रज्वलित होने वाला एक-एक दीप देश एवं प्रदेश की समृद्धि का आधार बनेगा।
अयोध्या में दीप प्रज्वलन से समृद्धि का संदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या में प्रज्वलित होने वाला एक-एक दीप देश और प्रदेश की समृद्धि का आधार बनेगा। उन्होंने कहा कि कभी अयोध्या में रामभक्तों पर गोलियां चलाई जाती थीं, लेकिन आज श्रद्धालुओं पर पुष्प वर्षा होती है। 500 वर्षों के संघर्ष के बाद अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण हुआ है। अब अयोध्या आस्था के साथ विकास का भी केंद्र बन चुकी है।
रामराज्य का मतलब अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ
उन्होंने कहा कि बिना भेदभाव समाज के अंतिम व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना ही रामराज्य की अवधारणा है। उन्होंने कहा कि गांव-गांव में रामलीला, श्रीराम कथा और अखंड रामायण पाठ की परंपरा लोगों को भगवान राम के आदर्शों से जोड़ती है। मुख्यमंत्री ने दो नवंबर 1990 की घटना का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि उस समय अयोध्या में रामभक्तों पर गोलियां चलाई गई थीं। उन्होंने कहा कि तब जय श्रीराम बोलने और रामभक्तों के अयोध्या पहुंचने पर प्रतिबंध था।
500 साल के संघर्ष के बाद बना भव्य राम मंदिर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राम जन्मभूमि की मुक्ति के लिए श्रद्धालुओं ने बलिदान दिया और 500 वर्षो के संघर्ष के बाद आज अयोध्या में भव्य राम मंदिर बन चुका है और लाखों श्रद्धालु रामलला के दर्शन कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने दो नवंबर 1990 की घटना का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि उस समय अयोध्या में रामभक्तों पर गोलियां चलाई गई थीं। उन्होंने कहा कि राम जन्मभूमि की मुक्ति के लिए श्रद्धालुओं ने बलिदान दिया और लंबे संघर्ष के बाद आज राम मंदिर बन चुका है। अब लाखों श्रद्धालु रामलला के दर्शन कर रहे हैं।
4 लेन की सड़कें और अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से बदली अयोध्या की तस्वीर
उन्होंने कहा कि पहले अयोध्या में रेलवे की एकल लाइन, संकरी गलियां, गंदगी और बदहाल सड़कें थीं तथा हवाई सेवा भी नहीं थी, लेकिन अब चार लेन की सड़कों, बेहतर रेल सुविधाओं और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से अयोध्या की तस्वीर बदल गई है। उन्होंने कहा कि हवाई अड्डे का नाम महर्षि वाल्मीकि के नाम पर रखा गया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि अयोध्या में प्रतिदिन एक लाख से अधिक श्रद्धालु अयोध्या पहुंच रहे हैं, लेकिन पर्व-त्योहारों पर यह संख्या पांच लाख से 50 लाख तक पहुंच जाती है।



