यूपी के आबकारी राजस्व ने भरी रिकॉर्ड छलांग, सरकार के खजाने में आए 800 करोड़ ज्यादा

अवैध शराब के कारोबार और माफिया तंत्र पर सख्ती का असर आबकारी राजस्व पर दिखा है। सितंबर में प्रदेश सरकार को आबकारी से 4,611.29 करोड़ रुपये का राजस्व मिला, जो पिछले वर्ष इसी महीने मिले 3,811.70 करोड़ रुपये की तुलना में 799.59 करोड़ रुपये अधिक है। विभाग ने सितंबर में निर्धारित लक्ष्य का 120.98 प्रतिशत हासिल किया।
आबकारी विभाग के मुताबिक अप्रैल से सितंबर तक चालू वित्तीय वर्ष में कुल 29,406.50 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है। पिछले वित्तीय वर्ष की इसी अवधि में 26,149.32 करोड़ रुपये मिले थे। इस तरह छह माह में राजस्व संग्रह में 3,257.18 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हुई है। राजस्व बढ़ाने के साथ विभाग ने अवैध शराब के खिलाफ प्रवर्तन अभियान भी तेज किया।
सितंबर में 89,251 स्थानों पर छापेमारी की गई। कार्रवाई के दौरान 2.33 लाख लीटर से अधिक अवैध शराब बरामद की गई और 251 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। विभाग का कहना है कि हाईवे, ढाबों और अंतरराज्यीय सीमाओं पर निगरानी तथा क्यूआर कोड आधारित ट्रैक एंड ट्रेस व्यवस्था से अवैध कारोबार और राजस्व लीकेज पर अंकुश लगाने में मदद मिली।
डिस्टिलरी से दुकानों तक निगरानी
आबकारी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नितिन अग्रवाल के मुताबिक डिस्टिलरी से लेकर फुटकर दुकानों तक तकनीक आधारित निगरानी और लगातार प्रवर्तन कार्रवाई की जा रही है। आबकारी आयुक्त डॉ. आदर्श सिंह ने कहा कि सितंबर में करीब 800 करोड़ रुपये का अतिरिक्त राजस्व सरकार को मिला है। विभाग आगामी महीनों में भी अवैध शराब के खिलाफ अभियान जारी रखेगा।



