हरियाणा में जल जीवन मिशन के दूसरे चरण को मिली रफ्तार, केंद्र-राज्य के बीच एमओयू हस्ताक्षर
एमओयू से हर घर स्वच्छ जल के लक्ष्य को मिलेगी नई गति – मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी 3000 करोड़ रुपये के निवेश से जल आपूर्ति और गुणवत्ता पर होगा फोकस नूहं, पलवल और महेंद्रगढ़ के लिए विशेष जल परियोजनाएं होंगी क्रियान्वित

चंडीगढ़। हरियाणा में हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के लक्ष्य को और गति देते हुए जल जीवन मिशन के दूसरे चरण के क्रियान्वयन के लिए केंद्र और राज्य सरकार के बीच महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस अवसर पर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी चंडीगढ़ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए।
कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल ने अपने संबोधन में कहा कि जल जीवन मिशन देश के ग्रामीण क्षेत्रों में जीवन स्तर सुधारने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है। उन्होंने हरियाणा सरकार के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि राज्य ने पहले चरण में उल्लेखनीय प्रगति हासिल की है और दूसरे चरण में भी बेहतर परिणाम की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस अवसर पर अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक घर तक स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मिशन के कार्यों को समयबद्ध और गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए।
उन्होंने कहा कि जल संरक्षण और जल प्रबंधन के प्रति जन-जागरूकता भी उतनी ही आवश्यक है, ताकि भविष्य में जल संकट से बचा जा सके। इस मौके पर हरियाणा के जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा, मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
सभी अधिकारियों ने मिशन के सफल क्रियान्वयन के लिए अपनी प्रतिबद्धता जताई। जल जीवन मिशन के दूसरे चरण के तहत राज्य में पाइपलाइन नेटवर्क के विस्तार, जल स्रोतों के सुदृढ़ीकरण तथा आधुनिक तकनीकों के उपयोग पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इसके साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में जल गुणवत्ता की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाएगी।



